मानसून की रफ्तार हुई धीमी: देश के कई राज्यों में गर्मी और उमस ने फिर बढ़ाई चिंता
नई दिल्ली:
देशभर में तेजी से आगे बढ़ रहे मानसून की रफ्तार पर अचानक ब्रेक लग गया है। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से मानसून की प्रगति धीमी हो गई है, जिसके कारण उत्तर और मध्य भारत के कई हिस्सों में लोगों को एक बार फिर भीषण गर्मी और उमस का सामना करना पड़ रहा है।
किन इलाकों में थमी रफ्तार?
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि मानसून ने देश के दक्षिणी और पूर्वी हिस्सों में समय पर दस्तक दे दी थी, लेकिन हवा के कम दबाव का क्षेत्र (Low Pressure Area) मजबूत न होने के कारण इसकी आगे बढ़ने की गति सुस्त पड़ गई है। वर्तमान में मानसून की उत्तरी सीमा (NLM) पिछले तीन दिनों से एक ही स्थान पर टिकी हुई है, जिससे दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान के कुछ हिस्सों में प्री-मानसून की गतिविधियां भी थम सी गई हैं।
खेती-किसानी पर असर की आशंका
मानसून की सुस्ती ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। जून का महीना खरीफ फसलों (जैसे धान, मक्का और सोयाबीन) की बुआई के लिए बेहद महत्वपूर्ण होता है। अगर अगले एक हफ्ते तक भारी बारिश नहीं होती है, तो बुआई के चक्र पर इसका सीधा असर पड़ सकता है।
मौसम विभाग का क्या है अनुमान?
”घबराने की जरूरत नहीं है, यह मानसून का एक सामान्य ब्रेक (Monsoon Break) है। अगले 4 से 5 दिनों में बंगाल की खाड़ी में एक नया सिस्टम सक्रिय होने की संभावना है, जिससे मानसून को फिर से गति मिलेगी। जून के आखिरी हफ्ते तक इसके उत्तर भारत में पूरी तरह सक्रिय होने की उम्मीद है।”
— मौसम विभाग प्रवक्ता
आगे का अलर्ट:
विभाग ने तटीय कर्नाटक, केरल और असम में भारी बारिश का अलर्ट जारी रखा है, जबकि मध्य और उत्तर-पश्चिम भारत के लोगों को राहत के लिए अभी कुछ दिनों का और इंतजार करना होगा।































































