रायबरेली : जिला कृषि रक्षा अधिकारी रायबरेली ने जनपद के समस्त किसान भाइयों को सलाह दी है कि माह अक्टूबर में धान की फसल को हानिकारक कीट/रोग के प्रकोप से बचाने के लिए नियमित साप्ताहिक निगरानी करते रहें। वर्तमान में धान की फसल में भूरा फुदका कीट का प्रकोप देखा जा रहा है इस कीट के प्रौढ एवं शिशु दोनो फसल में पत्तियों एव किल्लों के मध्य रस चूसकर क्षति पहुंचाते हैं जिससे प्रकोप के प्रारम्भ में गोलाई में पौधे काले होकर सूखने लगते है, जिसको “हॉपर वर्न” कहा जाता है। भूरा फुदका का प्रकोप दिखाई देते ही सर्वप्रथम खेत का पानी निकाल देना चाहिए तत्पश्चात रसायनों का प्रयोग करना चाहिए। इस कीट के नियंत्रण हेतु क्लोरपाइरीफास 20 प्रतिशत EC 1.50 ली० या क्यूनालफास 25 प्रतिशत EC 1.50 ली० या थायोमेथोक्साम 25 प्रतिशत WG की 100 ग्राम मात्रा को 500-600 ली० पानी में घोल बनाकर पर्णीय छिड़काव करने की सलाह दी जाती है। इसके अतिरिक्त धान में गंधी कीट के नियंत्रण हेतु मैलाथियान 5 प्रतिशत धूल की 25-30 किग्रा० मात्रा प्रति हे० की दर से बुरकाव किया जाय। धान में सैनिक कीट के नियंत्रण हेतु फेन्थोएट 2 प्रतिशत की 25-30 किग्रा० मात्रा को प्रति हे० की दर से बुरकाव करने की सलाह दी जाती है। धान में कंडुआ रोग के नियंत्रण हेतु कार्बेन्डाजिम 50 प्रतिशत WP 1.00 किग्रा या हेक्साकोनाजोल 5 प्रतिशत EC 0.500 ली० या टेबुकोनाजोल 25.9 प्रतिशत EC 0.500 ली० को 500-600 ली० पानी में घोल बनाकर पर्णीय छिड़काव करना लाभदायक रहेगा। भविष्य में कण्डुआ के नियंत्रण हेतु धान की नर्सरी के समय ट्राइकोडर्मा 5 ग्राम या कार्बेन्डाजिम 50 प्रतिशत WP 2 ग्राम मात्रा प्रति किग्रा० बीज की दर से बीज शोधन करके नर्सरी डालने की सलाह दी जाती है। अरहर में पत्ती लपेटक कीट के उपचार हेतु क्यूनालफास 25 प्रतिशत EC की 1.50 ली० मात्रा को 500-600 ली० पानी में घोल बनाकर पर्णीय छिड़काव करने की सलाह दी जाती है।
किसान भाई अपनी फसलों में कीट/रोग समस्या की जानकारी अपने मोबाइल फोन पर प्राप्त करने के लिये अपना नाम पिता का नाम, गांव, ग्राम पंचायत, विकास खण्ड, का उल्लेख करते हुए फसल के संक्रमित भाग की फोटो सहित दूरभाष नं0-9452247111, अथवा 9452257111 पर व्हाट्सएप अथवा सन्देश प्रेषित करें। अधिक जानकारी हेतु विकास भवन स्थित कार्यालय जिला कृषि रक्षा अधिकारी अथवा नजदीकी कृषि रक्षा इकाई पर सम्पर्क किया जा सकता है।


























































